सांसद मनीष जायसवाल के निर्देश पर रंजन चौधरी ने प्राचार्य के समक्ष उठाए मरीजों से जुड़े गंभीर मुद्दे, प्राचार्य ने तत्काल पहल का दिया भरोसा
जनवरी में बदलेगी मेडिकल कॉलेज अस्पताल की तस्वीर, कॉलेज परिसर में ओपीडी होगी शिफ्ट, सी-आर्म मशीन होगा दुरुस्त, ट्रॉमा सेंटर में 24×7 सीनियर डॉक्टरों की तैनाती की तैयारी
हजारीबाग
नए साल 2027 की शुरुआत हजारीबाग के स्वास्थ्य क्षेत्र में नई उम्मीद लेकर आ सकती है। शेख भिखारी मेडिकल कॉलेज अस्पताल की व्यवस्थाओं में सुधार और मरीजों को बेहतर चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराने को लेकर गुरुवार को हजारीबाग लोकसभा क्षेत्र के सांसद मनीष जायसवाल के निर्देश पर उनके लोकसभा क्षेत्र के सांसद मीडिया प्रतिनिधि रंजन चौधरी ने शेख भिखारी मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य प्रो. (डॉ.) सुनील कुमार वर्मा से खास मुलाकात की। इस दौरान उनके द्वारा अस्पताल की गंभीर और ज्वलंत समस्याओं को प्रमुखता से उठाते हुए तत्काल हस्तक्षेप की मांग की गई। सांसद मीडिया प्रतिनिधि रंजन चौधरी ने कहा कि अस्पताल की व्यवस्थागत कमियों और प्रबंधन स्तर पर बरती जा रही लापरवाही के कारण मरीजों और उनके परिजनों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
उन्होंने ट्रॉमा सेंटर जैसे संवेदनशील और आपातकालीन विभाग में जूनियर रेजिडेंट चिकित्सकों के साथ 24 घंटे सातों दिन सीनियर फिजिशियन और सीनियर सर्जन की अनिवार्य ड्यूटी सुनिश्चित करने की मांग की। इससे गंभीर मरीजों को अनावश्यक रूप से रिम्स में रेफर करने की जरूरत कम होगी और उन्हें मेडिकल कॉलेज अस्पताल में ही बेहतर इलाज मिल सकेगा। आर्थोपेडिक विभाग में एक माह से अधिक समय से खराब पड़ी सी-आर्म मशीन का मुद्दा भी उन्होंने उठाया गया। रंजन चौधरी ने खराब मशीन को तत्काल दुरुस्त कराने के साथ-साथ एक अतिरिक्त नई सी-आर्म मशीन उपलब्ध कराने की मांग की, ताकि मशीन खराब होने की स्थिति में भी मरीजों की सर्जरी प्रभावित न हो। उन्होंने मेडिकल कॉलेज अस्पताल के नए भवन के दोनों लिफ्ट तथा पुराने बहुमंजिला भवन में खराब पड़े एक लिफ्ट को भी जल्द दुरुस्त कराने का आग्रह किया, ताकि मरीजों, बुजुर्गों और गंभीर रूप से बीमार लोगों को वार्ड तक पहुंचने में परेशानी न हो।
अस्पताल में लगातार बढ़ रहे मरीजों के दबाव को कम करने के लिए सांसद मीडिया प्रतिनिधि रंजन चौधरी ने मेडिकल कॉलेज परिसर में नवनिर्मित भवन में विभिन्न विभागों के ओपीडी को तत्काल शिफ्ट करने का आग्रह किया। इस पर प्राचार्य प्रो. (डॉ.) सुनील कुमार वर्मा ने सकारात्मक पहल का भरोसा दिया। प्राचार्य ने बताया कि मेडिकल कॉलेज परिसर में निर्माण कार्य कर रही शापूरजी पालोनजी कंपनी ने दिसंबर 2026 के अंत तक ओपीडी के लिए तैयार हो रहे भवन को हैंडओवर करने का भरोसा दिया है। भवन समय पर हैंडओवर होने पर जनवरी 2027 में सभी ओपीडी को सदर अस्पताल स्थित अपग्रेडेड शेख भिखारी मेडिकल कॉलेज अस्पताल से मेडिकल कॉलेज परिसर में शिफ्ट करने की दिशा में पहल की जाएगी। सी-आर्म मशीन के मामले में प्राचार्य ने आर्थोपेडिक डिपार्टमेंट के एचओडी डॉ. शंकर निवास से बात कर खराब मशीन को तत्काल दुरुस्त कराने और जरूरतमंद मरीजों के ऑपरेशन तत्काल शुरू कराने का निर्देश दिया।
साथ ही उन्होंने बताया कि एक नई सी-आर्म मशीन की खरीदारी की प्रक्रिया भी चल रही है। उम्मीद है कि एक- दो दिन में ही सी- आर्म मशीन की समस्या का हल हो जाएगा और जरूरतमंदों का ऑपरेशन भी संभव हो सकेगा। ट्रॉमा सेंटर में 24 घंटे सातों दिन सीनियर फिजिशियन और सीनियर सर्जन की ड्यूटी सुनिश्चित करने के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश जारी करने का भी प्राचार्य ने सांसद मीडिया प्रतिनिधि रंजन चौधरी को भरोसा दिया। सांसद मीडिया प्रतिनिधि रंजन चौधरी ने कहा कि सांसद मनीष जायसवाल का स्पष्ट निर्देश है कि हजारीबाग के सबसे बड़े सरकारी चिकित्सा संस्थान में आने वाले मरीजों को बेहतर और समय पर इलाज मिले।
अस्पताल की व्यवस्थाओं में किसी प्रकार की कमी मरीजों के इलाज में बाधा नहीं बने, इसके लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। उन्होंने यह भी बताया कि मेडिकल कॉलेज अस्पताल प्रबंधन को लगातार शिकायत के बावजूद समस्या का समाधान नहीं होने पर मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य और उपायुक्त से मिलकर समस्या से अवगत कराना पड़ रहा है। शेख भिखारी मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य प्रो. (डॉ).सुनील कुमार वर्मा ने सांसद मीडिया प्रतिनिधि रंजन चौधरी द्वारा उठाए गए सभी मुद्दों को गंभीरता से सुना और उन्हें कलमबद्ध करते हुए संबंधित स्तर पर तत्काल सकारात्मक पहल का आश्वासन दिया। इस दौरान रंजन चौधरी के साथ विशेषरूप से हजारीबाग के भाजयुमो जिला अध्यक्ष राजकरण पांडेय, पत्रकार दीपक सिंह, अनुज सिन्हा, रूपेश दास, उमंग सोनी सहित कई गणमान्य लोग मौजूद थे ।
