बरही के पडिरमा गांव के रमाकांत यादव का लखनऊ विश्वविद्यालय में जेआरएफ-पीएचडी के लिए प्रथम स्थान पर चयन
भूगोल विषय में सामान्य श्रेणी में हासिल की सफलता, परिवार और क्षेत्र में खुशी की लहर
बरही
बरही प्रखंड के पडिरमा गांव निवासी रमाकांत यादव ने अपनी शैक्षणिक प्रतिभा, मेहनत और लगन के दम पर एक महत्वपूर्ण उपलब्धि हासिल की है। सुखदेव यादव के पुत्र रमाकांत यादव का लखनऊ विश्वविद्यालय में सत्र 2026 के लिए भूगोल विषय में जेआरएफ-पीएचडी कार्यक्रम के लिए सामान्य श्रेणी में प्रथम स्थान पर चयन हुआ है। उनकी इस उपलब्धि से परिवार, गांव और पूरे बरही प्रखंड में खुशी का माहौल है। रमाकांत यादव की इस सफलता को क्षेत्र के लिए गौरवपूर्ण उपलब्धि माना जा रहा है। उनकी मेहनत, धैर्य, आत्मविश्वास और निरंतर प्रयास ने उन्हें इस मुकाम तक पहुंचाया है। इस उपलब्धि से उन्होंने न केवल अपने परिवार, बल्कि अपने गांव और बरही प्रखंड का नाम भी रोशन किया है। उनकी सफलता पर शुभचिंतकों और क्षेत्रवासियों ने प्रसन्नता व्यक्त करते हुए उन्हें बधाई दी है।
लोगों का कहना है कि रमाकांत की उपलब्धि क्षेत्र के अन्य विद्यार्थियों के लिए प्रेरणास्रोत बनेगी। इससे ग्रामीण परिवेश के विद्यार्थियों को भी उच्च शिक्षा के क्षेत्र में आगे बढ़ने और अपने लक्ष्य को प्राप्त करने की प्रेरणा मिलेगी। रमाकांत यादव की सफलता पर उनके करीबी ने हर्ष व्यक्त करते हुए कहा कि छोटे भाई की इस उपलब्धि से उन्हें बेहद खुशी और गर्व महसूस हो रहा है। उन्होंने कहा कि रमाकांत का जज्बा, हौसला, सहनशीलता और मेहनत हमेशा प्रेरित करती रही है। उन्हें पूरा विश्वास है कि रमाकांत भविष्य में भी इसी तरह बेहतर प्रदर्शन करते हुए अपने गांव, राज्य और परिवार का नाम रोशन करेंगे। उन्होंने रमाकांत यादव के उज्ज्वल भविष्य की कामना करते हुए कहा कि यह उपलब्धि उनकी मेहनत का परिणाम है और आगे भी वे नई ऊंचाइयों को हासिल करें। साथ ही, उन्होंने कहा कि रमाकांत की सफलता से क्षेत्र के युवाओं को शिक्षा के प्रति समर्पित रहने और कठिन परिस्थितियों में भी अपने लक्ष्य से पीछे नहीं हटने की सीख मिलेगी। रमाकांत यादव की इस उपलब्धि पर पडिरमा गांव सहित पूरे बरही क्षेत्र में गर्व का माहौल है। क्षेत्रवासियों ने उन्हें शुभकामनाएं देते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य और आगे की शैक्षणिक यात्रा में निरंतर सफलता की कामना की है।
