बड़ा बाजार दुर्गा पूजा महासमिति की भव्य शोभायात्रा के साथ मां दुर्गा को दी गई भावभीनी विदाई
बुढ़वा महादेव तालाब में विधि-विधान के साथ हुआ प्रतिमा विसर्जन, हजारों श्रद्धालुओं ने नम आंखों से मां को दी विदाई
भक्ति गीतों पर महिलाओं और युवतियों ने किया जमकर नृत्य, पुलिस प्रशासन की विशेष गश्ती के बीच शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुआ विसर्जन
हजारीबाग
बड़ा बाजार दुर्गा पूजा महासमिति की ओर से मां दुर्गा की प्रतिमा का विसर्जन गुरुवार को पूरे श्रद्धा, भक्ति और उल्लास के वातावरण में संपन्न हुआ। मां दुर्गा की विदाई के लिए निकली भव्य शोभायात्रा में हजारों श्रद्धालु शामिल हुए। ढोल-नगाड़ों, बंगाल से आए ढाकियों की पारंपरिक धुनों और भक्तिमय गीतों ने पूरे शहर को भक्तिरस से सराबोर कर दिया। शोभायात्रा में शामिल श्रद्धालु जय माता दी के जयकारे लगाते हुए आगे बढ़ते रहे, वहीं महिलाओं और युवतियों ने भक्ति गीतों की धुन पर जमकर नृत्य कर अपनी श्रद्धा और उत्साह का प्रदर्शन किया। प्रातःकाल दशमी की पूजा-अर्चना के बाद मां दुर्गा को अर्पित सुहाग-श्रृंगार की सामग्री महिलाओं के बीच वितरित की गई।
इसके पश्चात संध्या छह बजे पूजा पंडाल से माता रानी की भव्य विसर्जन शोभायात्रा निकाली गई। शोभायात्रा बड़ा बाजार ग्वाल टोली चौक, सरदार चौक, बड़ा बाजार चौक, बंशीलाल चौक, भगत सिंह चौक, झंडा चौक, पैगोडा चौक, छठ तालाब और आनंदा चौक होते हुए बुढ़वा महादेव तालाब पहुंची। शोभायात्रा में सबसे आगे भगवान गणेश और मां लक्ष्मी की प्रतिमाएं चल रही थीं। उनके पीछे मां दुर्गा तथा उसके बाद भगवान कार्तिकेय और मां सरस्वती की प्रतिमाएं थीं। स्थानीय ढोल और बंगाल से आए ढाकियों की मधुर धुनों के बीच श्रद्धालु पूरे उत्साह के साथ माता रानी की अगवानी और विदाई में जुटे रहे।
पारंपरिक परिधानों में सजी महिलाएं और युवतियां भक्ति गीतों पर थिरकती नजर आईं। वहीं, युवा और पुरुष श्रद्धालु जयकारे लगाते हुए शोभायात्रा के साथ आगे बढ़ते रहे। बच्चों का उत्साह भी देखते ही बन रहा था। पूरे मार्ग में जय माता दी और अगले बरस तू जल्दी आ मां के जयकारों से शहर का माहौल भक्तिमय बना रहा। भव्य विसर्जन शोभायात्रा के दौरान विधि-व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस प्रशासन की विशेष गश्ती साथ-साथ चल रही थी। संबंधित थाना प्रभारी भी शोभायात्रा में मौजूद रहकर सुरक्षा व्यवस्था और शांतिपूर्ण संचालन पर नजर बनाए हुए थे। संवेदनशील स्थानों पर सतर्कता बरती गई और श्रद्धालुओं की सुविधा को ध्यान में रखते हुए आवश्यक व्यवस्था की गई। पुलिस प्रशासन की मुस्तैदी और महासमिति के सदस्यों के सहयोग से विसर्जन कार्यक्रम शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुआ।
रात्रि 9:15 बजे बुढ़वा महादेव तालाब में मां दुर्गा की प्रतिमा का विधि-विधान के साथ विसर्जन किया गया। इस दौरान हजारों श्रद्धालु उपस्थित रहे। माता रानी की विदाई के समय श्रद्धालुओं ने भावपूर्ण मन से अगले वर्ष फिर आगमन की कामना की। विसर्जन के बाद रात्रि करीब 9:30 बजे सभी श्रद्धालु पुनः पूजा पंडाल के समीप एकत्रित हुए, जहां शांति जल की परंपरा के तहत पूजा-अर्चना संपन्न हुई। इसके बाद श्रद्धालुओं के बीच प्रसाद का वितरण किया गया। महासमिति के अध्यक्ष प्रमोद यादव ने कहा कि शोभायात्रा में युवाओं, महिलाओं और बच्चों की भागीदारी तथा उनका उत्साह मां दुर्गा के प्रति अटूट आस्था और सामाजिक एकता का प्रतीक है।
सभी सदस्यों और श्रद्धालुओं के सहयोग से आयोजन यादगार बना। उन्होंने जिला प्रशासन, पुलिस पदाधिकारियों और सहयोग करने वाले सभी लोगों के प्रति आभार व्यक्त किया। वहीं, सचिव दीप नारायण निषाद ने कहा कि शोभायात्रा के दौरान शहर में भक्तिमय वातावरण बना रहा। पुलिस प्रशासन की सतर्कता, संबंधित थाना प्रभारी की मौजूदगी और श्रद्धालुओं के सहयोग से विसर्जन शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुआ। उन्होंने महासमिति के सभी पदाधिकारियों, सदस्यों, महिला श्रद्धालुओं और आयोजन में सहयोग देने वाले लोगों को धन्यवाद दिया।
आगामी 25 अक्टूबर को पूजा पंडाल के समीप लकी ड्रॉ का आयोजन किया जाएगा। मां दुर्गा की विदाई के साथ ही श्रद्धालुओं ने अगले वर्ष फिर माता रानी के आगमन की कामना की।
मौके पर अध्यक्ष प्रमोद यादव, सचिव दीप नारायण निषाद, कोषाध्यक्ष बालगोविंद निषाद, दिलीप जायसवाल,लखन निषाद, पवन खण्डेलवाल, नरेश निषाद, गुड्डन सोनकर, शिव शंकर गुप्ता, शिवदीप सिंह, प्रकाश सिंह, प्रदीप जैन, प्रमोद खण्डेलवाल, शैलेंद्र यादव, किशोर सोनी, सुशील मिश्रा, मनोज गुप्ता, अर्जुन यादव, दिलीप सोनी, रितेश खण्डेलवाल, आशुतोष चौधरी, अनिल मद्धेशिया, पंकज कसेरा, सचिन केसरी, अभय निषाद, रोहित बजाज, उमेश यादव, अशोक सिन्हा सहित बड़ी संख्या में महिलाएं एवं पुरुष श्रद्धालु उपस्थित रहे।

